जिस शरीर को लोग सुंदर समझते हैं, मौत के बाद वही शरीर सुंदर क्यों नहीं लगता? उसे घर में ना रख कर जला क्यू दिया जाता है? जिस शरीर को हम सुंदर मानते हैं जरा उसकी चमड़ी तो उतार कर देखो तब हकीकत दिखेगी कि भीतर क्या है?
भीतर तो बस रक्त, रोग, मल और कचरा भरा हुआ है। फ़िर भी ये शरीर सुन्दर कैसे हुआ?
शरीर में कोई सुन्दरता नहीं है। सुंदर होते हैं व्यक्ति के कर्म, उसके विचार, उसकी वाणी, उसका व्यवहार, उसका चरित्र और उसके संस्कार। जिसके जीवन में यह सब है वही इंसान दुनिया का सबसे सुंदर इंसान है और जमाना भी उसी का दीवाना है।
राधे-राधे 🙏🏽

